बॉलीवुड एक्ट्रेस Kajol ने अपनी पर्सनल लाइफ को लेकर बड़ा खुलासा किया है। उन्होंने बताया कि बेटी Nysa के साथ उनका रिश्ता हमेशा आसान नहीं रहा। खासकर जब Nysa 12 साल की थीं, तब मां-बेटी के बीच लगभग 3 साल तक लगातार झगड़े और दूरी बनी रही। हालांकि, वक्त के साथ Kajol ने अपने तरीके बदले और आज दोनों के बीच मजबूत बॉन्डिंग है।
Kajol हाल ही में यूट्यूबर और टीवी होस्ट Lilly Singh के साथ बातचीत में नजर आईं, जहां उन्होंने 90s जनरेशन, Gen Z की चुनौतियों और parenting को लेकर खुलकर बात की। इसी दौरान उन्होंने अपनी बेटी के साथ आए मुश्किल दौर का जिक्र किया।
12 साल की उम्र में शुरू हुआ मुश्किल दौर
Kajol के मुताबिक, उनकी बेटी Nysa के किशोरावस्था में कदम रखते ही हालात बदल गए थे। उन्होंने बताया कि “जब hormones बदलते हैं, तो बच्चों का व्यवहार भी तेजी से बदलता है।” उसी दौरान दोनों के बीच काफी टकराव होने लगा।
एक्ट्रेस ने साफ कहा कि उस समय हालात ऐसे थे कि “हम दोनों ही कई बार गलत होते थे, बात समझ नहीं पाते थे और छोटी-छोटी बातों पर झगड़ा हो जाता था।” यह दौर करीब तीन साल तक चला, जहां दोनों एक-दूसरे से बात करने से भी कतराते थे।
रिश्ते को सुधारने के लिए खुद को बदला
Kajol ने माना कि एक समय ऐसा आया जब उन्हें एहसास हुआ कि अगर रिश्ता संभालना है तो पहल उन्हें ही करनी होगी। उन्होंने खुद को ज्यादा शांत और समझदार बनाने का फैसला किया।
उन्होंने बताया, “मैंने सोचा कि मैं ही बड़ी हूं, तो मुझे ही समझदारी दिखानी होगी। मैंने लड़ाई कम करने और बातचीत बढ़ाने पर ध्यान दिया।” यही फैसला उनके रिश्ते में टर्निंग पॉइंट साबित हुआ।
सुनना ज्यादा जरूरी है बोलना नहीं
Kajol के अनुसार, सबसे बड़ा बदलाव तब आया जब उन्होंने बेटी को समझाने के बजाय उसकी बात सुननी शुरू की। उन्होंने कहा कि parenting में अक्सर हम बच्चों को सिखाने में लगे रहते हैं, लेकिन असल में उन्हें सुना जाना ज्यादा जरूरी होता है।
उन्होंने बताया, “मैंने महसूस किया कि उसे सिर्फ मेरी मौजूदगी चाहिए थी, कोई सलाह नहीं। जब मैंने उसे स्पेस देना शुरू किया, तो चीजें अपने आप बेहतर होने लगीं।”
आज Kajol कहती हैं कि उनका और Nysa का रिश्ता पहले से कहीं ज्यादा मजबूत है और दोनों खुलकर बातचीत करते हैं।
Gen Z को लेकर Kajol की राय
इस बातचीत में Kajol ने Gen Z बच्चों की लाइफ पर भी बात की। उन्होंने माना कि आज के बच्चों पर सोशल मीडिया, जानकारी की भरमार और बाहरी दबाव ज्यादा है, जिससे उनके लिए चीजें पहले से ज्यादा जटिल हो गई हैं।
उन्होंने 90s जनरेशन को ज्यादा balanced बताते हुए कहा कि उस समय distractions कम थे, जबकि आज के बच्चे हर वक्त comparison और pressure में रहते हैं।
एक्सपर्ट क्या कहते हैं ?
डॉक्टरों और साइकोलॉजिस्ट्स के मुताबिक, 11 से 14 साल की उम्र बच्चों के लिए सबसे संवेदनशील दौर होता है। इस समय शरीर में hormonal बदलाव तेजी से होते हैं, जो उनके व्यवहार, सोच और भावनाओं को प्रभावित करते हैं।
विशेषज्ञ मानते हैं कि इस उम्र में बच्चों का चिड़चिड़ापन, गुस्सा या बहस करना सामान्य है। दरअसल, वे अपनी अलग पहचान बनाने की कोशिश कर रहे होते हैं और इसी वजह से माता-पिता से टकराव बढ़ जाता है।
parents के लिए जरूरी बातें
एक्सपर्ट्स के अनुसार, अगर parents कुछ आसान बातों का ध्यान रखें, तो बच्चों के साथ रिश्ते बेहतर बनाए जा सकते हैं:
धैर्य रखें: तुरंत रिएक्ट करने से बचें, बच्चों को समझने की कोशिश करें
खुलकर बात करें: ऐसा माहौल बनाएं जहां बच्चा बिना डर अपनी बात कह सके
नियम बनाएं, लेकिन लचीलापन रखें: ज्यादा सख्ती रिश्ते को बिगाड़ सकती है
समय दें: रोज थोड़ा समय साथ बिताना जरूरी है
एक घटना जब गुस्से में तोड़ा फोन
Kajol ने पहले एक इंटरव्यू में यह भी बताया था कि एक बार गुस्से में उन्होंने Nysa का नया फोन तोड़ दिया था। उन्होंने इसे “tough love” कहा, लेकिन यह भी माना कि उस दौर में हालात संभालना आसान नहीं था।
क्यों खास है यह अनुभव
Kajol की यह बात इसलिए भी अहम है क्योंकि यह दिखाती है कि parenting में मुश्किलें हर किसी के साथ आती हैं, चाहे वह आम परिवार हो या सेलिब्रिटी। फर्क सिर्फ इतना होता है कि कौन कैसे उस स्थिति को संभालता है।
आज के दौर में जहां बच्चे जल्दी एक्सपोज हो रहे हैं और मानसिक दबाव भी ज्यादा है, ऐसे में parents के लिए यह समझना जरूरी है कि हर समस्या का हल डांट या सख्ती नहीं होता।