ईडन गार्डन्स में रन बरसे, कोलकाता ने 247 रन बनाकर गुजरात को 29 रन से हराया
इंडियन प्रीमियर लीग 2026 का प्लेऑफ समीकरण शनिवार रात ईडन गार्डन्स में पूरी तरह बदल गया। एक ऐसे मुकाबले में जहां गुजरात टाइटंस जीत दर्ज कर प्लेऑफ में जगह लगभग पक्की करना चाहती थी, वहीं कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए हार का मतलब लगभग बाहर होना था।
लेकिन दबाव के इस मुकाबले में KKR ने आक्रामक क्रिकेट का ऐसा प्रदर्शन किया जिसने टूर्नामेंट की तस्वीर और दिलचस्प बना दी।
फिन एलन की विस्फोटक बल्लेबाज़ी, अंगकृष रघुवंशी की परिपक्व पारी और सुनील नरेन की अनुभवी गेंदबाज़ी के दम पर कोलकाता ने गुजरात टाइटंस को 29 रन से हराकर अपनी उम्मीदें जीवित रखीं।
KKR ने पहले बल्लेबाज़ी करते हुए 20 ओवर में 247/2 का विशाल स्कोर बनाया, जो इस सीजन में गुजरात के खिलाफ किसी भी टीम का सबसे बड़ा स्कोर है। जवाब में गुजरात टाइटंस 218/4 तक ही पहुंच सकी।
फिन एलन ने शुरुआत से बदल दिया मैच का मूड
मैच की शुरुआत में पिच थोड़ी धीमी दिखाई दे रही थी। मोहम्मद सिराज और कगिसो रबाडा को शुरुआती ओवरों में हल्की सीम मूवमेंट भी मिली।
लेकिन फिन एलन ने कुछ गेंदें देखने के बाद जिस तरह हमला शुरू किया, उसने मैच की दिशा ही बदल दी।
न्यूजीलैंड के इस विस्फोटक बल्लेबाज़ ने केवल 35 गेंदों में 93 रन ठोक दिए। उनकी पारी में 10 छक्के शामिल रहे।
एलन ने खास तौर पर मिडविकेट और लॉन्ग ऑन क्षेत्र में जिस ताकत और टाइमिंग से शॉट लगाए, उससे गुजरात के गेंदबाज़ पूरी तरह दबाव में आ गए।
हालांकि गुजरात को उन्हें रोकने के मौके मिले थे। एलन को दो बार जीवनदान मिला — पहले 14 रन पर और फिर 33 रन पर।
लेकिन IPL जैसे टूर्नामेंट में ऐसे मौके अक्सर मैच का परिणाम तय कर देते हैं, और इस बार भी वही हुआ।
रघुवंशी और ग्रीन ने गुजरात की वापसी की उम्मीद खत्म की
एलन के आउट होने के बाद ऐसा लगा कि गुजरात मैच में वापसी कर सकती है, लेकिन अंगकृष रघुवंशी और कैमरून ग्रीन ने मैच को पूरी तरह KKR की ओर मोड़ दिया।
रघुवंशी ने 44 गेंदों पर नाबाद 82 रन बनाए। उनकी पारी केवल आक्रामकता की नहीं, बल्कि समझदारी और धैर्य की भी मिसाल थी।
शुरुआत में उन्होंने समय लिया, लेकिन अंतिम ओवरों में मोहम्मद सिराज और राशिद खान जैसे गेंदबाज़ों के खिलाफ जिस तरह रन बटोरे, उसने KKR को 240 के पार पहुंचा दिया।
दूसरी ओर कैमरून ग्रीन ने केवल 28 गेंदों में नाबाद 52 रन बनाए। दोनों बल्लेबाज़ों ने तीसरे विकेट के लिए 53 गेंदों में 108 रन जोड़ दिए।
दिलचस्प बात यह रही कि गुजरात की फील्डिंग इस मैच में बेहद खराब रही। टीम ने कुल चार कैच छोड़े, जिनमें एलन और ग्रीन के आसान मौके भी शामिल थे।
गुजरात की बल्लेबाज़ी मजबूत रही, लेकिन रफ्तार नहीं पकड़ सकी
248 रन के लक्ष्य का पीछा करना आसान नहीं था, लेकिन गुजरात ने शुरुआत अच्छी की।
साई सुदर्शन और शुभमन गिल ने तेजी से रन जुटाए। हालांकि तीसरे ओवर में सुदर्शन चोटिल होकर रिटायर्ड हर्ट हो गए, जिससे टीम की लय प्रभावित हुई।
इसके बाद शुभमन गिल और जोस बटलर ने पारी संभाली। दोनों ने तीसरे विकेट के लिए 128 रन की साझेदारी की और कुछ समय तक मुकाबले को जीवित रखा।
गिल ने 49 गेंदों में 85 रन बनाए। उनकी बल्लेबाज़ी में क्लास और नियंत्रण दोनों दिखाई दिए।
वहीं बटलर ने 57 रन बनाकर उनका अच्छा साथ दिया।
लेकिन समस्या यह रही कि गुजरात लगातार बढ़ते रनरेट के दबाव से बाहर नहीं निकल सकी। जहां KKR ने बीच के ओवरों में लगातार बड़े ओवर निकाले, वहीं गुजरात को हर अच्छे ओवर के बाद एक शांत ओवर मिल रहा था।
सुनील नरेन ने फिर दिखाया अनुभव
जब मैच तेजी से गुजरात की ओर झुकता दिखाई दे रहा था, तब सुनील नरेन ने एक बार फिर अपनी उपयोगिता साबित की।
अपने 200वें IPL मैच में नरेन ने 4 ओवर में केवल 29 रन देकर 2 विकेट लिए। उन्होंने सबसे महत्वपूर्ण विकेट शुभमन गिल का लिया, जिसने मैच लगभग समाप्त कर दिया।
नरेन की खासियत यह रही कि उन्होंने बल्लेबाज़ों को बड़े शॉट खेलने के लिए मजबूर किया। उनकी तेज, स्टंप-टू-स्टंप गेंदों के सामने गुजरात के बल्लेबाज़ पूरी तरह सहज नहीं दिखे।
ईडन गार्डन्स में एक बार फिर यह साबित हुआ कि बड़े स्कोर वाले मैच में भी अनुभवी स्पिनर अंतर पैदा कर सकते हैं।
KKR के लिए राहत, लेकिन चिंता भी
इस जीत से KKR ने प्लेऑफ की उम्मीदें जिंदा रखी हैं। टीम अब अंक तालिका में सातवें स्थान पर पहुंच गई है और टॉप-4 से केवल दो अंक दूर है।
लेकिन इस जीत के बीच एक चिंता भी सामने आई। श्रीलंका के तेज गेंदबाज़ मथीशा पथिराना, जिन्हें KKR ने 18 करोड़ रुपये में खरीदा था, चोटिल होकर मैदान से बाहर चले गए।
उन्होंने केवल 1.2 ओवर गेंदबाज़ी की।
यदि उनकी चोट गंभीर होती है, तो KKR के लिए आगे का सफर मुश्किल हो सकता है।
गुजरात के लिए हार से बड़ा झटका खराब फील्डिंग
गुजरात टाइटंस पूरे सीजन में संतुलित और अनुशासित टीम रही है। लेकिन इस मैच में उनकी सबसे बड़ी कमजोरी फील्डिंग रही।
चार कैच छोड़ना, मिसफील्ड और दबाव के समय खराब गेंदबाज़ी — इन सबने मैच उनसे दूर कर दिया।
शुभमन गिल ने मैच के बाद स्वीकार किया कि टीम जीत की हकदार नहीं थी। उनका यह बयान टीम की निराशा को साफ दिखाता है।
हालांकि गुजरात अब भी अंक तालिका में मजबूत स्थिति में है और प्लेऑफ की दौड़ में बनी हुई है।
ईडन गार्डन्स में KKR का ऐतिहासिक मैच
यह मुकाबला KKR का ईडन गार्डन्स में 100वां IPL मैच भी था। ऐसे मौके पर टीम ने अपने घरेलू दर्शकों को आक्रामक क्रिकेट का शानदार प्रदर्शन दिया।
स्टेडियम में मौजूद दर्शकों के लिए यह मैच IPL के क्लासिक हाई-स्कोरिंग मुकाबलों में से एक बन गया।
प्लेऑफ की दौड़ हुई और रोमांचक
इस परिणाम के बाद IPL 2026 की प्लेऑफ रेस और दिलचस्प हो गई है। गुजरात की क्वालिफिकेशन अभी टल गई है, जबकि KKR ने खुद को फिर से मुकाबले में ला खड़ा किया है।
अब आने वाले मैचों में नेट रनरेट, चोटें और दबाव तीनों महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले हैं।
निष्कर्ष
KKR और GT के बीच यह मुकाबला केवल एक हाई-स्कोरिंग मैच नहीं था, बल्कि IPL की अनिश्चितता और रोमांच का शानदार उदाहरण भी था।
फिन एलन की आक्रामकता, रघुवंशी की परिपक्वता और नरेन का अनुभव इन तीनों ने मिलकर कोलकाता को वह जीत दिलाई जिसकी उसे सख्त जरूरत थी।
वहीं गुजरात के लिए यह हार एक याद दिलाने वाली रात रही कि IPL में छोटी गलतियां भी बड़े परिणाम बदल सकती हैं।